न्यूज़ Deep  

गूगल ने फिर दिखाई ‘दादागिरी

8 / 100

Paytm के बाद गूगल (Google) ने फूड डिलिवरी ऐप Zomato, Swiggy पर प्लेट स्टोर गाइडलाइंस के नियमों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है.
गूगल ने इन दोनों कंपनियों को नोटिस भेजकर उनके गेमिंग फीचर्स को लेकर आपत्तियां जताई हैं. आपको बता दें कि इसके पहले गूगल ने पेटीएम को अपने प्ले स्टोर से ये कहकर हटा दिया था कि वो अपने ऐप प्लेटफॉर्म पर बेटिंग यानी जुआ को प्रमोट कर रहा है, जो कि उनकी गाइडलाइंस के हिसाब से सही नहीं है.

Zomato ने गूगल से नोटिस मिलने की पुष्टि की है. Zomato का कहना है कि ये नोटिस बिल्कुल गलत है. हम छोटी कंपनी हैं, हमने अपनी बिजनेस रणनीति को गूगल की गाइडलाइंस के मुताबिक पहले ही ढाल रखा है. कंपनी का कहना है कि वो Zomato Premier League को इस हफ्ते के अंत तक दूसरी प्रोग्राम से बदल देंगे.

हालांकि इस मसले पर अबतक Swiggy का कोई जवाब नहीं आया है. सूत्रों के मुताबिक कंपनी गूगल के साथ इस मामले पर चर्चा कर रही है. गूगल ने भी इस मामले पर अबतक कोई बयान नहीं जारी किया है.
दरअसल कई कंपनिया IPL को भुनाने और कस्टमर्स को रिझाने के लिए गेमिफिकेशन फीचर्स का इस्तेमाल कर रही हैं, जिससे उनकी बिक्री भी बढ़ती है. 18 सिंतबर को गूगल ने स्पोर्ट्स बेटिंग एक्टिविटीज को लेकर पेटीएम को प्ले स्टोर से हटा दिया था, हालांकि कुछ घंटे बाद ही जब पेटीएम ने ‘कैशबैक’ फीचर हटा लिया तो उसे वापस शामिल कर लिया गया.

इस पूरी घटना के बाद पेटीएम ने गूगल पर जमकर निशाना साधा था. पेटीएम ने गूगल पर उसकी नीतियों को लेकर भेदभाव के आरोप भी लगाए.

मजेदार बात ये है कि मंगलवार को गूगल ने कहा कि जो भी ऐप्स प्ले स्टोर के जरिए डिजिटल कंटेंट बेच रहे हैं उन्हें गूगल प्ले बिलिंग सिस्टम का ही इस्तेमाल करना होगा. इसके अलावा ऐप खरीदे जाने पर कुछ हिस्सा फीस के तौर पर भी देना होगा. इसके बाद कई स्टार्टअप्स ने गूगल के इस रवैये पर नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि गूगल किसी भी भारतीय ऐप डेवलपर्स या ऐप मालिक को उसके बिलिंग सिस्टम का इस्तेमाल करने के लिए बाध्य नहीं कर सकता है. गूगल को हर ट्रांजैक्शन पर 30 परसेंट हिस्सा देना बिल्कुल गलत है.

Leave A Comment